2026 में रमजान का पवित्र महीना 19 फरवरी से शुरू होने जा रहा है क्योंकि ओमान ने इस तारीख पर मुहर लगा दी है
इस्लाम धर्म में यह नौवां महीना होता है और इसे इबादत, बरकत और रहमत का महीना माना जाता है
इस पूरे महीने दुनिया भर के मुसलमान रोजा रखते हैं, जिसका मुख्य उद्देश्य आत्म-संयम, अनुशासन और अल्लाह के प्रति अपनी आस्था को मजबूत करना है
इस साल रमजान का पहला रोजा 20 फरवरी को रखा जाएगा
रोजे की शुरुआत सूरज उगने से पहले 'सहरी' खाकर होती है, जिसके बाद दिन भर पानी की एक बूंद भी नहीं पी जाती
शाम को सूरज डूबने के बाद खजूर और पानी से रोजा खोला जाता है, जिसे 'इफ्तार' कहते हैं
रमजान केवल भूखे-प्यासे रहने का नाम नहीं है, बल्कि यह अपने व्यवहार को सुधारने, झूठ न बोलने, दूसरों की मदद करने और अपनी गलतियों की माफी मांगने का समय है
इस महीने में जकात का बहुत महत्व होता है ताकि गरीब और जरूरतमंद भी खुशियों में शामिल हो सकें
महीने के अंत में जब नया चांद दिखता है, तब ईद-उल-फितर का त्यौहार बड़े ही धूमधाम से मनाया जाता है